
हम आर्थिक संकट से गुजर रहे हैं, इसलिए किसी भी प्रोजेक्ट में आर्थिक रूप से हिस्सा नहीं ले सकते : भगवंत मान
चंडीगढ़/ DPH NEWS
सार
वर्ष 2015 में एयरपोर्ट के उद्घाटन के बाद से ही यात्री सुगम और सीधे रास्ते की मांग कर रहे थे। अब करीब 11 साल बाद हरियाणा सरकार ने एयरपोर्ट तक नया और छोटा सड़क मार्ग बनाने की दिशा में कदम उठाया है।
विस्तार
वर्ष 2015 में एयरपोर्ट के उद्घाटन के बाद से ही यात्री सुगम और सीधे रास्ते की मांग कर रहे थे। अब करीब 11 साल बाद हरियाणा सरकार ने एयरपोर्ट तक नया और छोटा सड़क मार्ग बनाने की दिशा में कदम उठाया है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने परियोजना को मंजूरी दे दी है और अब केवल रक्षा मंत्रालय की स्वीकृति बाकी है।मुख्यमंत्री सैनी ने चंडीगढ़ एंट्री पॉइंट से 100 फीट चौड़ी सड़क बनाने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। यह सड़क रक्षा मंत्रालय की भूमि की बाहरी सीमा और चंडीगढ़ इंटरनेशनल एयरपोर्ट लिमिटेड की खाली जमीन के किनारे-किनारे होते हुए सीधे नये टर्मिनल भवन तक जाएगी इस सड़क के लिए सेना की 38 एकड़ जमीन की जरूरत होगी। हरियाणा ने इसका पूरा खर्च उठाने पर सहमति जताई है, जिसमें जमीन अधिग्रहण, निर्माण कार्य, एयरफोर्स की चारदीवारी, सुरक्षा व्यवस्था और 450 मीटर लंबा अंडरपास बनाना शामिल है। वहीं, पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इस प्रोजेक्ट का खर्च साझा करने से इनकार कर दिया है।सरकारी रिकॉर्ड के मुताबिक, राज्यों के बीच हुई एक उच्च-स्तरीय चर्चा के दौरान सीएम मान ने कहा, ‘हम आर्थिक संकट से गुजर रहे हैं, इसलिए किसी भी प्रोजेक्ट में आर्थिक रूप से हिस्सा नहीं ले सकते।’ सीएम मान का तर्क था कि पंजाब के लोग मोहाली की तरफ से एयरपोर्ट आते-जाते हैं, इसलिए यह नया रास्ता उनके लिए किसी काम का नहीं होगा। हालंकि, हरियाणा के मुख्यमंत्री ने कहा कि यह वैकल्पिक सड़क मोहाली, जीरकपुर और कालका-शिमला हाईवे कॉरिडोर से आने-जाने वाले लोगों के लिए भी दूरी कम करेगी।चंडीगढ़ के उपायुक्त निशांत कुमार यादव की अध्यक्षता में हुई बैठक में नागरिक उड्डयन विभाग की प्रधान सचिव अमनीत पी. कुमार और वायुसेना के अधिकारियों ने इस रूट को व्यावहारिक माना।समय और ईंधन, दोनों बचेंगे : तकनीकी व्यवहार्यता रिपोर्ट के अनुसार, इस नये मार्ग के चालू होने से ट्राईसिटी और आसपास के क्षेत्रों के यात्रियों का समय और ईंधन दोनों बचेंगे। जीरकपुर से एयरपोर्ट की दूरी 13.7 किलोमीटर से घटकर केवल 9.6 किलोमीटर रह जाएगी। मोहाली से एयरपोर्ट की दूरी 16 किलोमीटर से घटकर 13.1 किलोमीटर हो जाएगी। कालका-शिमला हाईवे से एयरपोर्ट से दूरी 11.7 किलोमीटर से घटकर 9.6 किलोमीटर रह जाएगी।
